जिले में जीएसटी बकाया वसूली को लेकर विभाग की बड़ी कार्रवाई शुरू हो गई है। जीएसटी विभाग की विशेष टीम ने मंगलवार को शहर के विभिन्न क्षेत्रों में छापेमारी की, जिसमें सुपर मार्केट स्थित कई बकायेदार प्रतिष्ठानों को निशाने पर लिया गया। प्रारंभिक जांच में कई व्यवसायियों द्वारा जीएसटी चोरी के संकेत मिले हैं।
मैरिज लॉन मालिकों पर भी जांच का शिकंजा कसना शुरू
सूत्रों के मुताबिक, जिले में मौजूद दो दर्जन से अधिक मैरिज लॉन और होटल व्यवसायी लंबे समय से बुकिंग अमाउंट छुपाकर जीएसटी चोरी कर रहे हैं।
शादी–विवाह के सीजन में इन मैरिज लॉन पर भीड़ रहती है, और 1 लाख से लेकर 2.5 लाख रुपये तक की बुकिंग अक्सर की जाती है।
लेकिन इनका अधिकांश:
ऑनलाइन पेमेंट में नहीं दिखाया जाता
उपभोक्ताओं पर कैश पेमेंट का दबाव बनाया जाता है
जिससे जीएसटी की चोरी आसानी से की जा सके
जानकारी के मुताबिक, यह सभी मैरिज लॉन 18% जीएसटी के दायरे में आते हैं, लेकिन कई मालिक वर्षों से इसका सही भुगतान नहीं कर रहे।
अफसरों और कारोबारियों की मिलीभगत के आरोप
सूत्र दावा करते हैं कि जिले में कुछ जीएसटी अधिकारियों की मिलीभगत से हर महीने केंद्र और राज्य सरकार को लाखों रुपये का नुकसान हो रहा है।
सिस्टमैटिक तरीके से बनाई गई इस चेन में:
जीएसटी चोरी को छुपाना
बड़े कैश ट्रांजैक्शन को कवर करना
और बुकिंग रजिस्टर में गलत एंट्री करना
जैसी गतिविधियाँ लंबे समय से चल रही थीं।
व्यापारिक प्रतिष्ठानों पर भी कड़ी नजर
केवल मैरिज लॉन ही नहीं, बल्कि शहर के कई सुपर मार्केट स्थित व्यापारिक प्रतिष्ठानों में भी टीम को जीएसटी अनियमितताओं के प्रमाण मिले हैं।टीम ने कई दुकानदारों से बिलिंग डाटा मांगा है और रजिस्टरों की जांच की जा रही है।
